Govinda Namalu क्या है? (परिचय)
Govinda Namalu भगवान श्री विष्णु और उनके अवतार श्री कृष्ण के पवित्र नामों का एक दिव्य संग्रह है। “गोविंद” शब्द स्वयं में अपार आध्यात्मिक शक्ति समेटे हुए है। संस्कृत में “गो” का अर्थ है वेद, पृथ्वी और इंद्रियाँ, जबकि “विंद” का अर्थ है रक्षा करने वाला या पालन करने वाला। इस प्रकार गोविंद का अर्थ हुआ – जो संपूर्ण सृष्टि, वेदों और जीवों की रक्षा करता है।
Govinda Namalu केवल नामों का संग्रह नहीं है, बल्कि यह भक्ति, ध्यान और आत्मिक शांति का एक सशक्त माध्यम है। हिंदू धर्म में माना जाता है कि भगवान के नामों का स्मरण करने से पापों का नाश होता है और मन को शांति मिलती है। यही कारण है कि गोविंदा नामों का जाप सदियों से संतों, भक्तों और साधकों द्वारा किया जाता रहा है।
आज के तनावपूर्ण जीवन में जब मन अशांत रहता है, तब Govinda Namalu का पाठ एक औषधि की तरह कार्य करता है। यह न केवल आध्यात्मिक उन्नति करता है बल्कि मानसिक और भावनात्मक संतुलन भी प्रदान करता है।
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Govinda Namalu का धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व
Govinda Namalu का महत्व वेदों, पुराणों और भक्तिकालीन साहित्य में स्पष्ट रूप से देखने को मिलता है। विष्णु सहस्रनाम की तरह ही गोविंद नामों को भी अत्यंत पवित्र माना गया है। माना जाता है कि कलियुग में नाम-स्मरण ही सबसे सरल और प्रभावी साधना है।
धार्मिक दृष्टि से, गोविंद नामों का जाप करने से भगवान श्री हरि प्रसन्न होते हैं। श्रीमद्भागवत पुराण में उल्लेख है कि भगवान अपने नामों में स्वयं वास करते हैं। यानी जब कोई भक्त “गोविंद, दामोदर, माधव” जैसे नामों का उच्चारण करता है, तो वह सीधे ईश्वर से जुड़ जाता है।
आध्यात्मिक रूप से, Govinda Namalu आत्मा को परमात्मा से जोड़ने का कार्य करता है। यह अहंकार को कम करता है, करुणा बढ़ाता है और भक्ति भाव को गहरा करता है। नियमित जाप से व्यक्ति का जीवन सात्त्विक बनता है और नकारात्मक विचार स्वतः दूर होने लगते हैं।
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Govinda Namalu का इतिहास और उत्पत्ति
Govinda Namalu की उत्पत्ति वैदिक काल से मानी जाती है। वैदिक मंत्रों में भगवान विष्णु के विभिन्न नामों का वर्णन मिलता है। बाद में यही नाम भक्ति आंदोलन के दौरान अधिक लोकप्रिय हुए।
दक्षिण भारत में विशेष रूप से तिरुपति बालाजी मंदिर और वैष्णव संप्रदाय में Govinda Namalu का अत्यधिक महत्व है। संत अन्नामाचार्य, रामानुजाचार्य और चैतन्य महाप्रभु जैसे महान संतों ने गोविंद नामों का प्रचार किया।
ऐतिहासिक रूप से देखा जाए तो जब-जब समाज में अशांति और अधर्म बढ़ा, तब-तब नाम-स्मरण को सरल साधना के रूप में अपनाया गया। Govinda Namalu इसी परंपरा का एक अभिन्न अंग है, जो आज भी उतना ही प्रासंगिक है जितना सदियों पहले था।
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Govinda Namalu के प्रमुख नाम और उनके अर्थ
Govinda Namalu में भगवान विष्णु/कृष्ण के अनेक नाम शामिल हैं, जिनका अपना-अपना विशेष अर्थ और महत्व है।
कुछ प्रमुख Govinda Namalu और उनके अर्थ
| नाम | अर्थ |
|---|---|
| गोविंद | सृष्टि और इंद्रियों की रक्षा करने वाला |
| दामोदर | जिसने यशोदा माता द्वारा रस्सी से बंधन स्वीकार किया |
| माधव | लक्ष्मीपति और मधु दैत्य का वध करने वाला |
| केशव | जिसने केशी दैत्य का वध किया |
| नारायण | समस्त जीवों का आश्रय |
| श्रीधर | लक्ष्मी को धारण करने वाला |
| हृषीकेश | इंद्रियों का स्वामी |
इन नामों का जाप करने से भक्त भगवान के विभिन्न गुणों का स्मरण करता है और उनसे भावनात्मक रूप से जुड़ता है।
Govinda Namalu पाठ करने की विधि
Govinda Namalu का पाठ करने के लिए किसी विशेष अनुष्ठान की आवश्यकता नहीं होती, लेकिन कुछ नियम अपनाने से इसका प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है।
Govinda Namalu पाठ की सरल विधि
प्रातः ब्रह्म मुहूर्त या संध्या का समय सर्वोत्तम माना जाता है
स्नान के बाद स्वच्छ वस्त्र पहनें
शांत स्थान पर आसन लगाकर बैठें
मन को एकाग्र कर भगवान विष्णु या कृष्ण का ध्यान करें
श्रद्धा और भक्ति भाव से Govinda Namalu का जाप करें
यदि संभव हो तो तुलसी की माला का प्रयोग करें। इससे एकाग्रता बढ़ती है और जाप में निरंतरता आती है।
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Govinda Namalu जाप करने के लाभ
Govinda Namalu के लाभ केवल आध्यात्मिक ही नहीं, बल्कि मानसिक और शारीरिक स्तर पर भी अनुभव किए जा सकते हैं।
Govinda Namalu जाप करने के मुख्य लाभ
मन की अशांति और तनाव कम होता है
नकारात्मक ऊर्जा का नाश होता है
एकाग्रता और स्मरण शक्ति बढ़ती है
सकारात्मक सोच विकसित होती है
आध्यात्मिक उन्नति होती है
जीवन में संतुलन और शांति आती है
कई भक्तों का मानना है कि नियमित Govinda Namalu जाप से जीवन की कठिनाइयाँ सहज हो जाती हैं।
Govinda Namalu और वैज्ञानिक दृष्टिकोण
आधुनिक विज्ञान भी अब मंत्र जाप और नाम-स्मरण के लाभों को स्वीकार करने लगा है। Govinda Namalu जैसे मंत्रों के उच्चारण से उत्पन्न ध्वनि तरंगें मस्तिष्क पर सकारात्मक प्रभाव डालती हैं।
जब हम “गोविंद” जैसे शब्दों का उच्चारण करते हैं, तो श्वास-प्रश्वास नियंत्रित होता है, जिससे पैरासिम्पैथेटिक नर्वस सिस्टम सक्रिय होता है। इसका परिणाम होता है – तनाव में कमी और मानसिक शांति।
इस प्रकार, Govinda Namalu केवल धार्मिक आस्था नहीं, बल्कि मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी उपयोगी है।
Govinda Namalu का पाठ कब और कितनी बार करना चाहिए
Govinda Namalu का जाप किसी भी समय किया जा सकता है, लेकिन नियमितता सबसे महत्वपूर्ण है।
प्रतिदिन कम से कम 108 बार जाप करना उत्तम
एकादशी, जन्माष्टमी और वैकुंठ एकादशी जैसे पर्वों पर विशेष फलदायी
संकट के समय मानसिक शांति के लिए भी किया जा सकता है
जितनी अधिक श्रद्धा, उतना अधिक प्रभाव – यही Govinda Namalu की विशेषता है।
Govinda Namalu और भक्ति योग का संबंध
भक्ति योग का मूल आधार है – ईश्वर के प्रति प्रेम और समर्पण। Govinda Namalu भक्ति योग का एक सशक्त साधन है। नाम-स्मरण के माध्यम से भक्त अहंकार को त्यागकर ईश्वर के चरणों में स्वयं को समर्पित करता है। यही भक्ति योग का सार है। गोविंद नामों का निरंतर स्मरण भक्त को सांसारिक मोह से ऊपर उठाकर आध्यात्मिक आनंद की अनुभूति कराता है।
Govinda Namalu घर में पाठ करने के नियम
घर में Govinda Namalu का पाठ करते समय वातावरण का शुद्ध होना आवश्यक है।
साफ-सुथरा और शांत स्थान चुनें
धूप, दीप और तुलसी का प्रयोग करें
मोबाइल और अन्य विकर्षणों से दूर रहें
पूरे परिवार के साथ पाठ करने से सकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है
इससे घर का वातावरण भी सात्त्विक और शांतिपूर्ण बनता है।
Govinda Namalu का बच्चों और युवाओं पर प्रभाव
आज की पीढ़ी तनाव, प्रतिस्पर्धा और असमंजस से घिरी हुई है। Govinda Namalu बच्चों और युवाओं के लिए भी अत्यंत लाभकारी है।
एकाग्रता बढ़ती है
मन शांत रहता है
संस्कारों का विकास होता है
नकारात्मक आदतों से दूरी बनती है
यदि बचपन से ही नाम-स्मरण की आदत डाल दी जाए, तो जीवन में संतुलन बनाए रखना आसान हो जाता है।
Govinda Namalu और तिरुपति बालाजी का संबंध
तिरुपति बालाजी मंदिर में “गोविंदा, गोविंदा” का जयघोष अत्यंत प्रसिद्ध है। यहां Govinda Namalu को भगवान वेंकटेश्वर से विशेष रूप से जोड़ा जाता है। माना जाता है कि यहां गोविंद नाम का उच्चारण करने से भक्तों की मनोकामनाएँ शीघ्र पूर्ण होती हैं। यही कारण है कि लाखों श्रद्धालु प्रतिदिन गोविंद नाम का जाप करते हैं।
Govinda Namalu सुनने बनाम पढ़ने का प्रभाव
कुछ लोग Govinda Namalu का पाठ करते हैं, तो कुछ लोग इसे सुनते हैं। दोनों के अपने लाभ हैं।
पाठ करने से एकाग्रता और सहभागिता बढ़ती है
सुनने से मन स्वतः शांत होता है और ध्यान लगता है
श्रेष्ठ परिणाम के लिए दोनों को अपनाया जा सकता है।
Govinda Namalu से जुड़ी सामान्य भ्रांतियाँ
कई लोगों को लगता है कि Govinda Namalu केवल साधु-संतों के लिए है। यह पूर्णतः गलत धारणा है।
यह गृहस्थ, विद्यार्थी, नौकरीपेशा सभी के लिए उपयुक्त है
किसी जाति या वर्ग की बाध्यता नहीं
केवल श्रद्धा ही पर्याप्त है
Govinda Namalu केवल शब्दों का समूह नहीं, बल्कि ईश्वर से जुड़ने का एक सरल और प्रभावी मार्ग है। यह मन, शरीर और आत्मा – तीनों स्तरों पर सकारात्मक प्रभाव डालता है। आज के भौतिकवादी युग में, जहां शांति दुर्लभ होती जा रही है, वहां गोविंद नामों का स्मरण एक अमूल्य साधना है। यदि नियमित रूप से श्रद्धा और विश्वास के साथ Govinda Namalu का जाप किया जाए, तो जीवन में संतुलन, शांति और आनंद अवश्य प्राप्त होता है।
गोविंद नामावलि हिंदी भावार्थ
श्री श्रीनिवासा गोविंदा श्री वेंकटेशा गोविंदा
भक्तवत्सला गोविंदा भागवतप्रिय गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 1 ॥
नित्यनिर्मला गोविंदा नीलमेघश्याम गोविंदा
पुराणपुरुषा गोविंदा पुंडरीकाक्ष गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 2 ॥
नंदनंदना गोविंदा नवनीतचोरा गोविंदा
पशुपालक श्री गोविंदा पापविमोचन गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 3 ॥
दुष्टसंहार गोविंदा दुरितनिवारण गोविंदा
शिष्टपरिपालक गोविंदा कष्टनिवारण गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 4 ॥
वज्रमकुटधर गोविंदा वराहमूर्तिवि गोविंदा
गोपीजनप्रिय गोविंदा गोवर्धनोद्धार गोविंदा [गोपीजनलोल]
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 5 ॥
दशरथनंदन गोविंदा दशमुखमर्दन गोविंदा
पक्षिवाहना गोविंदा पांडवप्रिय गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 6 ॥
मत्स्यकूर्म गोविंदा मधुसूधन हरि गोविंदा
वराह नरसिंह गोविंदा वामन भृगुराम गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 7 ॥
बलरामानुज गोविंदा बौद्ध कल्किधर गोविंदा
वेणुगानप्रिय गोविंदा वेंकटरमणा गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 8 ॥
सीतानायक गोविंदा श्रितपरिपालक गोविंदा
श्रितजनपोषक गोविंदा धर्मसंस्थापक गोविंदा [दरिद्रजन पोषक]
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 9 ॥
अनाथरक्षक गोविंदा आपद्भांदव गोविंदा
भक्तवत्सला गोविंदा करुणासागर गोविंदा [शरणागतवत्सल]
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 10 ॥
कमलदलाक्ष गोविंदा कामितफलदात गोविंदा
पापविनाशक गोविंदा पाहि मुरारे गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 11 ॥
श्री मुद्रांकित गोविंदा श्री वत्सांकित गोविंदा
धरणीनायक गोविंदा दिनकरतेजा गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 12 ॥
पद्मावतीप्रिय गोविंदा प्रसन्नमूर्ती गोविंदा
अभयहस्त गोविंदा मत्स्यावतार गोविंदा [प्रदर्शक]
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 13 ॥
शंखचक्रधर गोविंदा शार्ङ्गगदाधर गोविंदा
विराजातीर्धस्थ गोविंदा विरोधिमर्धन गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 14 ॥
सालग्राम[धर] गोविंदा सहस्रनामा गोविंदा
लक्ष्मीवल्लभ गोविंदा लक्ष्मणाग्रज गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 15 ॥
कस्तूरितिलक गोविंदा कनकांबरधर गोविंदा [कांचनांबरधर]
गरुडवाहना गोविंदा गजराज रक्षक गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 16 ॥
वानरसेवित गोविंदा वारधिबंधन गोविंदा
एकस्वरूप गोविंदा रामकृष्णा गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 17 ॥
भक्तनंदन गोविंदा प्रत्यक्षदेवा गोविंदा
परमदयाकर गोविंदा वज्रकवचधर गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 18 ॥
वैजयंतिमाल गोविंदा वड्डिकासुल गोविंदा
वसुदेवसुत गोविंदा श्रीवासुदेव गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 19 ॥
नित्यकल्याण गोविंदा नीरजनाभ गोविंदा
नीलाद्रिवास गोविंदा नीलमेघश्याम गोविंदा [क्षीराब्ढिवास]
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 20 ॥
स्वयं प्ऱकश गोविंदा आनम्दनिलय गोविंदा
स्ऱीदेविनाठ गोविंदा देवकि नंदन गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 21 ॥
तिरुमलवास गोविंदा रत्नकिरीट गोविंदा
आश्रितपक्ष गोविंदा नित्यशुभप्रद गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 22 ॥
आनंदरूप गोविंदा आद्यंतरहित गोविंदा
इहपर दायक गोविंदा इभराज रक्षक गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 23 ॥
पद्मदलाक्ष गोविंदा तिरुमलनिल्य गोविंदा
शेषशायिनी गोविंदा शेषाद्रिनिलय गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 24 ॥
वराह ॠप गोविंदा श्री खूर्मरूप गोविंदा
वामनॠप गोविंदा नरहरिॠप गोविंदा [हरिहरॠप]
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 25 ॥
श्री परशुराम गोविंदा श्री बलराम गोविंदा
रघुकुल राम गोविंदा श्री रामकृष्ण गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 26 ॥
तिरुमलनायक गोविंदा श्रितजनपोषक गोविंदा
श्रीदेविनाठ गोविंदा श्रीवत्सांकित गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 27 ॥
गोविंदानाम गोविंदा वेंकटरमणा गोविंदा
क्षॆत्रपालक गोविंदा तिरुमलनथ गोविंदा ।
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 28 ॥
वानरसेवित गोविंदा वारधिबंधन गोविंदा
एडुकॊंडलवाड गोविंदा एकत्वरूपा गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 29 ॥
श्री रामकृष्णा गोविंदा रघुकुल नंदन गोविंदा
प्रत्यक्षदेवा गोविंदा परमदयाकर गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 30 ॥
वज्रकवचधर गोविंदा वैजयंतिमाल गोविंदा
वड्डिकासुलवाड गोविंदा वसुदेवतनया गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 31 ॥
बिल्वपत्रार्चित गोविंदा भिक्षुक संस्तुत गोविंदा
स्त्रीपुंसरूपा गोविंदा शिवकेशवमूर्ति गोविंदा
ब्रह्मांडरूपा गोविंदा भक्तरक्षक गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 32 ॥
नित्यकल्याण गोविंदा नीरजनाभ गोविंदा
हातीरामप्रिय गोविंदा हरि सर्वोत्तम गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 33 ॥
जनार्धनमूर्ति गोविंदा जगत्साक्षिरूपा गोविंदा
अभिषेकप्रिय गोविंदा आपन्निवारण गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 34 ॥
रत्नकिरीटा गोविंदा रामानुजनुत गोविंदा
स्वयंप्रकाशा गोविंदा आश्रितपक्ष गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 35 ॥
नित्यशुभप्रद गोविंदा निखिललोकेशा गोविंदा
आनंदरूपा गोविंदा आद्यंतरहिता गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 36 ॥
इहपर दायक गोविंदा इभराज रक्षक गोविंदा
परमदयालो गोविंदा पद्मनाभहरि गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 37 ॥
तिरुमलवासा गोविंदा तुलसीवनमाल गोविंदा
शेषाद्रिनिलया गोविंदा शेषसायिनी गोविंदा
श्री श्रीनिवासा गोविंदा श्री वेंकटेशा गोविंदा
गोविंदा हरि गोविंदा गोकुलनंदन गोविंदा [वेंकटरमण] ॥ 38
गोविंदा हरि गोविंदा |
गोकुलनंदन गोविंदा |
श्री गोविंदा नामालु
श्री श्रीनिवास गोविंदा |
श्री वेंकटेश गोविंदा |
भक्तवत्सल गोविंदा |
भगवत्प्रिय गोविंदा || 1
नित्यनिर्मला गोविंदा |
नीलमेघश्याम गोविंदा |
पुराणपुरुष गोविंदा |
पुंडरीकाक्ष गोविंदा || 2
नंदना नंदना गोविंदा |
नवनीतचोरा गोविंदा |
पशुपालक श्री गोविंदा |
पापविमोचना गोविंदा || 3
गोविंदा, बुराई का नाश करने वाले |
गोविंदा, दुखों को दूर करने वाले |
गोविंदा, अनुशासन के प्रशासक |
गोविंदा, कठिनाइयों को दूर करने वाले || 2
वज्रमकूटधारा गोविंदा |
वराहमूर्ति गोविंदा |
गोपीजनलोला गोविंदा |
गोवर्धनोद्धारा गोविंदा || 5
दशरथनन्दन गोविंदा |
दशमुखमर्दन गोविंदा |
पक्षीवाहन गोविंदा |
पांडवप्रिय गोविंदा || 6
मत्स्य कूर्म गोविंदा |
मधुसूदन हरि गोविंदा |
वराह नरसिम्हा गोविंदा |
वामन भृगु राम गोविंदा || 7
बलरामानुज गोविंदा |
बौद्ध कल्किधर गोविंदा |
वेणुगणप्रिय गोविंदा |
वेंकटरमन गोविंदा || 8
सीता के स्वामी गोविंदा |
गरीबों के शासक गोविंदा |
गरीबों के पालनहार गोविंदा |
धर्म के संस्थापक गोविंदा || ౯
गोविंदा, अनाथों के रक्षक |
गोविंदा, संकट में पड़े लोगों के सहायक |
गोविंदा, शरणस्थल |
गोविंदा, करुणा के सागर || 10
कमल नेत्रों वाले गोविंदा |
कामवासना के फल गोविंदा |
पापों का नाश करने वाले गोविंदा |
जगत के रक्षक गोविंदा || 11
श्रीमुद्रंकिता गोविंदा |
श्रीवत्संकिता गोविंदा |
धरणीनायक गोविंदा |
दिनकरतेजा गोविंदा || 12
पद्मावतीप्रिय गोविंदा |
प्रसन्नमूर्ति गोविंदा |
अभयहस्ता गोविंदा |
अक्षयवराध गोविंदा | | 13 [मत्स्यावतार]
शंख धारण करने वाले गोविंदा |
गोविंदा
, जो
शालग्रामधर गोविंदा |
सहस्रनाम गोविंदा |
लक्ष्मीवल्लभ गोविंदा |
लक्ष्मणराज गोविंदा || 15
कस्तूरीतिलका गोविंदा |
कंचनांबरधारा गोविंदा |
गरुड़वाहन गोविंदा |
गजराजराक्षस गोविंदा || 16
गोविंदा, वानर सेवक |
गोविंदा, पुल तोड़ने वाला |
गोविंदा, सात सिर वाला | [एडुकोंडलवादा]
गोविंदा, एक मुख वाला || 17
श्री रामकृष्ण गोविंदा |
रघुकुलनंदन गोविंदा |
अधिकदेव गोविंदा |
परमदायक गोविंदा || 18
वज्रकवचधारा गोविंदा |
वैजयंती माला गोविंदा |
वद्दिकासुलावदा गोविंदा |
वासुदेवतनाय गोविंदा || 19
बिल्वपत्रार्चिता गोविंदा |
भिक्खु संस्थुता गोविंदा |
स्त्री रूप गोविंदा |
शिवकेशवमूर्ति गोविंदा || 20
गोविंदा, ब्रह्म का स्वरूप |
गोविंदा, भक्तों के रक्षक |
गोविंदा, शाश्वत कल्याणकर्ता |
गोविंदा, अमर || 21
हाथीरामप्रिया गोविंदा |
हरिसर्वोत्तम गोविंदा |
जनार्दनमूर्ति गोविंदा |
जगतसाक्षीरूपा गोविंदा || 22
अभिषेकप्रिय गोविंदा |
अपान्निवरण गोविंदा |
रत्नाकिरीता गोविंदा |
रामानुजनुथ गोविंदा || 23
स्वयंप्रकाशित गोविंदा |
आश्रित गोविंदा |
सदा शुभ गोविंदा |
सदा प्रकाशमान गोविंदा | 24
गोविंदा, आनंद का स्वरूप |
गोविंदा, अनंत |
गोविंदा, इस संसार को प्रदान करने वाला |
गोविंदा, इस संसार का रक्षक || 25
परमदायलो गोविंदा |
पद्मनाभहरि गोविंदा |
तिरुमलवासा गोविंदा |
तुलसीवनमाला गोविंदा || 26
शेषसेन गोविंदा |
शेषाद्रिनिलय गोविंदा |
श्रीनिवास श्री गोविंदा |
श्री वेंकटेश गोविंदा || 27
गोविंदा हरि गोविंदा |
गोकुलनंदन गोविंदा || 28
श्री गोविंदा नामालु तेलगु भावार्थ
స్తోత్రనిధి → శ్రీ వేంకటేశ్వర స్తోత్రాలు
గోవిందా హరి గోవిందా |
గోకులనందన గోవిందా |
శ్రీ శ్రీనివాసా గోవిందా |
శ్రీ వేంకటేశా గోవిందా |
భక్తవత్సలా గోవిందా |
భాగవతప్రియ గోవిందా || ౧
నిత్యనిర్మలా గోవిందా |
నీలమేఘశ్యామ గోవిందా |
పురాణపురుషా గోవిందా |
పుండరీకాక్ష గోవిందా || ౨
నందనందనా గోవిందా |
నవనీతచోర గోవిందా |
పశుపాలక శ్రీ గోవిందా |
పాపవిమోచన గోవిందా || ౩
దుష్టసంహార గోవిందా |
దురితనివారణ గోవిందా |
శిష్టపరిపాలక గోవిందా |
కష్టనివారణ గోవిందా || ౪
వజ్రమకుటధర గోవిందా |
వరాహమూర్తి గోవిందా |
గోపీజనలోల గోవిందా |
గోవర్ధనోద్ధార గోవిందా || ౫
దశరథనందన గోవిందా |
దశముఖమర్దన గోవిందా |
పక్షివాహన గోవిందా |
పాండవప్రియ గోవిందా || ౬
మత్స్య కూర్మ గోవిందా |
మధుసూదన హరి గోవిందా |
వరాహ నరసింహ గోవిందా |
వామన భృగురామ గోవిందా || ౭
బలరామానుజ గోవిందా |
బౌద్ధకల్కిధర గోవిందా |
వేణుగానప్రియ గోవిందా |
వేంకటరమణా గోవిందా || ౮
సీతానాయక గోవిందా |
శ్రితపరిపాలక గోవిందా |
దరిద్రజనపోషక గోవిందా |
ధర్మసంస్థాపక గోవిందా || ౯
అనాథరక్షక గోవిందా |
ఆపద్బాంధవ గోవిందా |
శరణాగతవత్సల గోవిందా |
కరుణాసాగర గోవిందా || ౧౦
కమలదళాక్ష గోవిందా |
కామితఫలదా గోవిందా |
పాపవినాశక గోవిందా |
పాహి మురారే గోవిందా || ౧౧
శ్రీముద్రాంకిత గోవిందా |
శ్రీవత్సాంకిత గోవిందా |
ధరణీనాయక గోవిందా |
దినకరతేజా గోవిందా || ౧౨
పద్మావతిప్రియ గోవిందా |
ప్రసన్నమూర్తీ గోవిందా |
అభయహస్త గోవిందా |
అక్షయవరద గోవిందా || ౧౩ [మత్స్యావతారా]
శంఖచక్రధర గోవిందా |
శార్ఙ్గగదాధర గోవిందా |
విరజాతీర్థస్థ గోవిందా |
విరోధిమర్దన గోవిందా || ౧౪
సాలగ్రామధర గోవిందా |
సహస్రనామా గోవిందా |
లక్ష్మీవల్లభ గోవిందా |
లక్ష్మణాగ్రజ గోవిందా || ౧౫
కస్తూరితిలక గోవిందా |
కాంచనాంబరధర గోవిందా |
గరుడవాహన గోవిందా |
గజరాజరక్షక గోవిందా || ౧౬
వానరసేవిత గోవిందా |
వారధిబంధన గోవిందా |
సప్తగిరీశా గోవిందా | [ఏడుకొండలవాడ]
ఏకస్వరూపా గోవిందా || ౧౭
శ్రీరామకృష్ణా గోవిందా |
రఘుకులనందన గోవిందా |
ప్రత్యక్షదేవా గోవిందా |
పరమదయాకర గోవిందా || ౧౮
వజ్రకవచధర గోవిందా |
వైజయంతిమాల గోవిందా |
వడ్డికాసులవాడ గోవిందా |
వసుదేవతనయా గోవిందా || ౧౯
బిల్వపత్రార్చిత గోవిందా |
భిక్షుకసంస్తుత గోవిందా |
స్త్రీపుంరూపా గోవిందా |
శివకేశవమూర్తి గోవిందా || ౨౦
బ్రహ్మాండరూపా గోవిందా |
భక్తరక్షక గోవిందా |
నిత్యకళ్యాణ గోవిందా |
నీరజనాభ గోవిందా || ౨౧
హథీరామప్రియ గోవిందా |
హరిసర్వోత్తమ గోవిందా |
జనార్దనమూర్తి గోవిందా |
జగత్సాక్షిరూప గోవిందా || ౨౨
అభిషేకప్రియ గోవిందా |
ఆపన్నివారణ గోవిందా |
రత్నకిరీటా గోవిందా |
రామానుజనుత గోవిందా || ౨౩
స్వయంప్రకాశా గోవిందా |
ఆశ్రితపక్ష గోవిందా |
నిత్యశుభప్రద గోవిందా |
నిఖిలలోకేశ గోవిందా || ౨౪
ఆనందరూపా గోవిందా |
ఆద్యంతరహితా గోవిందా |
ఇహపరదాయక గోవిందా |
ఇభరాజరక్షక గోవిందా || ౨౫
పరమదయాళో గోవిందా |
పద్మనాభహరి గోవిందా |
తిరుమలవాసా గోవిందా |
తులసీవనమాల గోవిందా || ౨౬
శేషసాయినే గోవిందా |
శేషాద్రినిలయా గోవిందా |
శ్రీనివాస శ్రీ గోవిందా |
శ్రీ వేంకటేశా గోవిందా || ౨౭
గోవిందా హరి గోవిందా |
గోకులనందన గోవిందా |
”FAQs”
1. क्या Govinda Namalu का जाप बिना गुरु के किया जा सकता है?
Ans. हाँ, इसे बिना गुरु के भी श्रद्धा से किया जा सकता है।
2. क्या महिलाएँ Govinda Namalu का पाठ कर सकती हैं?
Ans. बिल्कुल, इसमें कोई प्रतिबंध नहीं है।
3. Govinda Namalu कितने समय में प्रभाव दिखाता है?
Ans. यह व्यक्ति की श्रद्धा और नियमितता पर निर्भर करता है।
4. क्या Govinda Namalu सुनना भी उतना ही प्रभावी है?
Ans. हाँ, सुनना भी लाभकारी है, विशेषकर ध्यान के समय।
5. क्या Govinda Namalu से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है?
Ans. हाँ, नियमित जाप से नकारात्मकता कम होती है।



